पुणे : अर्थशास्त्र विषय में उत्कृष्ट अध्यापन, शोध, शैक्षणिक नेतृत्व एवं विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान देने वाली डॉ. ज्योति नानासाहेब गायकवाड को राष्ट्रीय आदर्श शिक्षक पुरस्कार 2026 से सम्मानित किया गया है। उच्च शिक्षा क्षेत्र में उनके शोध कार्य, शैक्षणिक नवाचार एवं विद्यार्थी-केंद्रित पहल ने उन्हें शिक्षा जगत में एक विशिष्ट पहचान दिलाई है।
सावित्रीबाई फुले पुणे विश्वविद्यालय से अर्थशास्त्र विषय में पीएच.डी. प्राप्त करने वाली डॉ. गायकवाड ने कृषि अर्थशास्त्र के अंतर्गत कृषि विकास योजनाओं के कृषि क्षेत्र एवं किसानों के जीवन स्तर पर पड़े प्रभावों का गहन अध्ययन किया है। इसके अतिरिक्त उन्होंने अर्थशास्त्र विषय में एम.फिल. की उपाधि भी प्राप्त की है तथा शोध क्षेत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।
राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 (NEP 2020) के अंतर्गत उन्होंने स्नातक एवं स्नातकोत्तर विद्यार्थियों के लिए अर्थशास्त्र विषय की 12 पुस्तकों का प्रकाशन किया है। साथ ही राज्यस्तरीय, राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय तथा यूजीसी-केयर सूचीबद्ध शोध पत्रिकाओं में 8 शोध-पत्र प्रकाशित किए हैं। उनके शोध कार्यों ने विद्यार्थियों एवं शोधार्थियों को महत्वपूर्ण मार्गदर्शन प्रदान किया है।
शिक्षा क्षेत्र में सहायक प्राध्यापक के रूप में उन्हें 6 वर्षों का अनुभव प्राप्त है। उन्होंने सक्सेस पब्लिकेशन, पुणे में 3 वर्षों तक कंटेंट राइटर के रूप में भी कार्य किया है। वर्तमान में वे के. वी. एन. नाईक कला, वाणिज्य एवं विज्ञान महाविद्यालय, सिन्नर में विश्वविद्यालय मान्यता प्राप्त सहायक प्राध्यापक के रूप में कार्यरत हैं।
वर्ष 2024-2026 के दौरान छात्र विकास अधिकारी (SDO) के रूप में कार्य करते हुए उन्होंने विद्यार्थियों के लिए अनेक शैक्षणिक, सांस्कृतिक एवं व्यक्तित्व विकास कार्यक्रमों का सफलतापूर्वक आयोजन किया। विद्यार्थियों को जिला, विश्वविद्यालय एवं राज्य स्तरीय प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए प्रेरित किया तथा उन्हें विशेष उपलब्धियाँ प्राप्त करने में मार्गदर्शन एवं सहयोग प्रदान किया।
अर्थशास्त्र विषय की प्राध्यापिका के रूप में उन्होंने आधुनिक एवं प्रभावी शिक्षण पद्धतियों के माध्यम से विद्यार्थियों को विषय का गहन ज्ञान प्रदान किया है। अंग्रेज़ी भाषा पर उनकी मजबूत पकड़ तथा प्रभावी अध्यापन शैली ने विद्यार्थियों में अर्थशास्त्र विषय के प्रति रुचि और समझ विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। इसके अतिरिक्त उन्होंने विद्यार्थियों के लिए विभिन्न शैक्षणिक भ्रमण, औद्योगिक भ्रमण, कार्यशालाओं एवं संगोष्ठियों का आयोजन कर व्यावहारिक शिक्षा को प्रोत्साहित किया है।
वर्तमान में वे महाविद्यालय में अर्थशास्त्र विभागाध्यक्ष एवं IQAC सह-समन्वयक (Co-Ordinator) के रूप में कार्यरत हैं। शैक्षणिक गुणवत्ता सुधार, विद्यार्थी सहभागिता और संस्थागत विकास के क्षेत्र में उनका योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण रहा है।
छात्र विकास अधिकारी के रूप में उन्होंने महाविद्यालय में एंटी-रैगिंग अभियान, नशा मुक्ति अभियान, छात्र शिकायत निवारण कार्यक्रम, नव-उद्यमिता कार्यशाला, निर्भय कन्या अभियान, पूर्व छात्र सम्मेलन, मराठी भाषा गौरव दिवस तथा विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का सफल आयोजन किया। इन उपक्रमों के माध्यम से विद्यार्थियों में नेतृत्व क्षमता, सामाजिक जागरूकता, आत्मविश्वास और व्यक्तित्व विकास को बढ़ावा मिला।
अर्थशास्त्र, शोध, शैक्षणिक नेतृत्व एवं विद्यार्थी विकास के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान को देखते हुए डॉ. ज्योति नानासाहेब गायकवाड को राष्ट्रीय आदर्श शिक्षक पुरस्कार 2026 से सम्मानित किया गया। उनका कार्य गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, शोध संस्कृति एवं विद्यार्थी-केंद्रित शिक्षण के माध्यम से शिक्षा क्षेत्र में प्रेरणादायी उदाहरण प्रस्तुत कर रहा है।
